यदि फैमिली हिस्ट्री में कोई किडनी पेशेंट हो तो अभी ही सिगरेट गुटका और शराब छोढ़ दे डॉ अर्चिता महाजन

*यदि फैमिली हिस्ट्री में कोई किडनी पेशेंट हो तो अभी ही सिगरेट गुटका और शराब छोढ़ दे डॉ अर्चिता महाजन*
लाखों लोग अलग-अलग तरह की किडनी से जुड़ी बीमारियों से परेशान हैं. परेशान करने वाली बात ये है कि कई बार लोगों को किडनी की बीमारी के बारे में पता नहीं चल पाता है. इसीलिए किडनी की बीमारी को एक ‘साइलेंट किलर’ कहा जाता है. ज्यादातर लोगों को किडनी की समस्या के बारे में तब पता चलता है जब बीमारी उग्र रूप ले लेती है. भारत में मृत्यु दर के आठवें प्रमुख कारणों में से एक क्रोनिक किडनी रोग (CKD) है.कुछ लोग लक्षणों को अनदेखा भी कर देते हैं. ज्यादा मात्रा में एल्कोहॉल और सिगरेट के सेवन से भी किडनी की कार्यक्षमता प्रभावित होती है। अगर इनका सेवन बंद नहीं किया गया तो एक स्थिति ऐसी भी आती है, जब किडनी काम करना बंद कर देती है। हाई ब्लडप्रेशर और डायबिटीज़ के मरीजों में किडनी फेल होने की आशंका बढ़ जाती है।
पॉलीसिस्टिक किडनी रोग (PKD) के कारण गुर्दे यानी किडनी में कई अल्सर (Cyst) का विकास हो जाता है। यह गुर्दे के आकार और वजन में वृद्धि का कारण बनता है। यह परिवार के माध्यम से हम तक आ सकता है। यदि माता-पिता दोनों को यह बीमारी है, तो इस बात की 50% संभावना है कि बच्चे को भी यह बीमारी होगी। यदि माता-पिता में से केवल एक को यह बीमारी है, तो भी बच्चे को यह रोग होने का 25% जोखिम रहता है यदि आप अल्कोहल ओर सिगरेट का सेवन अधिक करें है तो इसके होने की संभावना बढ़ सकती है क्योंकि यह आपके किडनी फंक्शन को खराब करती है
पीठ और पेट के निचले हिस्से में दर्द, सिरदर्द, यूटीआइ, हाथ-पैरों और आंखों में सूजन, सांस फूलना, भोजन में अरूचि, पाचन संबंधी गड़बड़ी, खून की कमी, त्वचा की रंगत में कालापन, अनावश्यक कमजोरी, थकान, बार-बार टॉयलेट जाने की जरूरत महसूस होना, पैरों में दर्द आदि इसके लक्षण है
PKD का कोई स्थाई इलाज नहीं है, लेकिन इसके लक्षणों की रोक थाम करके इससे होने वाली किडनी की विफलता को रोका जा सकता है। साथ ही एक बात यह भी है कि PKD के लक्षण एक निश्चित समय पर सामने आते हैं। अगर मरीज समय रहते इसे नियंत्रित करना चाहता है तो इसके लिए अपने डाइट पर पूरा ध्यान देना चाहिए आपको अपना बीपी शुगर आदि नियंत्रित रखना चाहिए इसके इलावा ऐसे आहार खाए जिसमे सोडियम की मात्रा कम हो । इसके साथ ही उचित इलाज कराना भी जरूरी है
डॉ अर्चिता महाजन न्यूट्रिशन डाइटिशन ट्रेंड योगा टीचर एंड होम्योपैथी फार्मासिस्ट नॉमिनेटेड फॉर नेशनल यूथ अवार्ड एंड पदम भूषण 9463819002



